PM Awas Yojana: प्रधानमंत्री शहरी आवास योजना में अनियमितताओं पर प्रशासन की सख्ती कदम तेज, कार्रवाई तय
PM Awas Yojana: प्रधानमंत्री शहरी आवास योजना के अंतर्गत Under the Pradhan Mantri Urban Housing Scheme दी जाने वाली वित्तीय सहायता का उद्देश्य शहरी गरीबों को पक्का मकान उपलब्ध कराना है, लेकिन कई लाभुक राशि उठाने के बाद भी निर्माण कार्य शुरू नहीं कर रहे हैं। इसी लापरवाही को देखते हुए नगर परिषद प्रशासन ने अब सख्त रुख अपनाते हुए ऐसे लाभुकों पर कानूनी कार्रवाई की प्रक्रिया तेज कर दी है। प्रशासन का कहना है कि सरकारी सहायता का सही उपयोग सुनिश्चित करना आवश्यक है, ताकि योजना का लाभ वास्तव में जरूरतमंद लोगों तक पहुंचे।

प्रशासन की प्रारंभिक कार्रवाई
नप क्षेत्र में ऐसे 10 लाभुकों की पहचान की गई है जिन्होंने राशि प्राप्त करने के बावजूद कोई निर्माण कार्य प्रारंभ Despite this, no construction work has begun नहीं किया। इसको गंभीरता से लेते हुए संबंधित मामलों में सर्टिफिकेट केस दायर करने का आदेश म्युनिसिपल सिविल इंजीनियर को दिया गया है। नगर परिषद का मानना है कि समय पर चेतावनी और नोटिस मिलने के बावजूद निर्माण में टालमटोल करना नियमों का उल्लंघन है।
नियमों के अनुरूप सख्त प्रावधान
कार्यपालक पदाधिकारी Executive Officer राजेश कुमार झा के अनुसार, तीन नोटिस और अतिरिक्त समय देने के बावजूद जब लाभुकों ने मकान निर्माण शुरू नहीं किया, तब प्रशासन को मजबूर होकर कार्रवाई की ओर बढ़ना पड़ा। नियमों के अनुसार, न केवल सर्टिफिकेट केस दायर किया जाएगा बल्कि योजना के तहत दी गई राशि को ब्याज सहित वापस करना होगा। यदि लाभुक राशि जमा नहीं करते, तो कानूनी दंड का भी प्रावधान लागू होगा।
समयसीमा समाप्त होने पर मामला गंभीर
नगर प्रबंधक मोहित कुमार ने स्पष्ट किया कि जिन लाभुकों को सर्टिफिकेट केस Certificate cases to beneficiaries के दायरे में लाया जा रहा है, उन्हें प्रधानमंत्री आवास योजना 1.0 के अंतर्गत सहायता प्रदान की गई थी। निर्धारित समयसीमा समाप्त होने के बाद भी निर्माण कार्य नहीं किया गया, जिसके कारण प्रशासनिक कार्रवाई अनिवार्य हो गई है।
चिह्नित लाभुकों की सूची और कार्रवाई की तैयारी
म्युनिसिपल सिविल इंजीनियर Municipal Civil Engineer बबलू कुमार बादल ने बताया कि युगल किशोर पासवान, नवीनचंद्र मिश्र, जगन्नाथ अवस्थी, नीतू देवी, रिंकू देवी, गुड़िया देवी, सरोज देवी, सविता देवी, फुला देवी और रिंकी देवी सहित अन्य लाभुकों के विरुद्ध सर्टिफिकेट केस दायर करने की प्रक्रिया पूरी की जा रही है। यह कदम योजना की पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित करने के लिए जरूरी माना जा रहा है।
स्थल निरीक्षण और भविष्य की चेतावनी
बुधवार को नगर प्रबंधक मोहित कुमार एवं सिविल इंजीनियर बबलू बादल Civil Engineer Bablu Badal ने चिह्नित स्थलों का निरीक्षण किया तथा लाभुकों को आगामी कार्रवाई की जानकारी दी। साथ ही यह भी स्पष्ट किया गया कि प्रधानमंत्री आवास योजना 2.0 के अंतर्गत जिन लाभुकों को सहायता मिली है, यदि वे भी निर्धारित समय में मकान निर्माण नहीं करते, तो उनके विरुद्ध भी समान कानूनी कदम उठाए जाएंगे।