Peanut Cultivation: मूंगफली की इस किस्म की करें बुवाई, कम खर्च में होगा तगड़ा मुनाफा
Peanut Cultivation: मानसून का मौसम शुरू होते ही किसानों ने अपने खेतों में फसलें लगाना शुरू कर दिया है। अगर किसान मूंगफली उगा रहे हैं तो उन्हें अपने खेतों में G20 मूंगफली के बीज लगाने चाहिए। पारंपरिक किस्मों (Traditional Varieties) की तुलना में इसके बहुत फ़ायदे हैं। यह किस्म किसानों को कम समय में अच्छी फसल देती है क्योंकि यह 90 से 100 दिनों में पक जाती है।

पिछली किस्मों से प्रति हेक्टेयर केवल 15 से 20 क्विंटल ही उत्पादन हो सकता है, जबकि इसकी औसत उपज 25 से 30 क्विंटल प्रति हेक्टेयर है। थोड़ी मेहनत से G20 मूंगफली के बीज ज़्यादा उत्पादन देते हैं। इसके परिणामस्वरूप किसानों की आय में वृद्धि होती है। इसके अलावा, इन बीजों में रोग प्रतिरोधक क्षमता बहुत ज़्यादा होती है।
तेल की मात्रा में 48-50% की वृद्धि
मूंगफली उगाने वाले अनुभवी किसान अनीश कुमार के अनुसार G20 मूंगफली के बीजों की मुख्य विशेषता उनमें तेल की मात्रा अधिक होना है। उन्होंने कहा, “हमें इनसे 48 से 50 प्रतिशत ज़्यादा तेल मिलता है।” इसके अलावा, G20 किस्म के बीज जड़ सड़न और टिक्का रोग जैसी बीमारियों से प्रतिरक्षित होते हैं जो अन्य बीज किस्मों को प्रभावित करते हैं।
इसके विशाल और सजातीय दानों के कारण इसकी बाजार में उच्च मांग है। उन्होंने दावा किया कि G20 मूंगफली को अन्य किस्मों की तुलना में कम पानी की आवश्यकता होती है और सूखे के दौरान भी यह अच्छी फसल पैदा कर सकती है।
कीटनाशकों और उर्वरकों के लिए कम खर्च
विशेषज्ञ किसान अनीश कुमार के अनुसार, किसान इसकी उच्च बिक्री कीमत के कारण प्रति एकड़ 50,000 से 70,000 रुपये के बीच शुद्ध लाभ कमाने के लिए इसका उपयोग कर सकते हैं। इसके अतिरिक्त, इसके उत्पादन में उपयोग किए जाने वाले शाकनाशियों और उर्वरकों की लागत कम है।
इस परिदृश्य में G20 मूंगफली किस्म (Peanut Varieties) किसानों के लिए एक अच्छा विकल्प है क्योंकि यह कम समय में अधिक लाभ देती है। उनके अनुसार, समकालीन खेती करने वाले किसानों के लिए यह एक बढ़िया विकल्प है।

